नगर जोन में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य से पुलिस आयुक्त महोदय की अध्यक्षता में पुलिस लाइन्स स्थित परमजीत हॉल में एक महत्वपूर्ण एवं उच्चस्तरीय गोष्ठी का आयोजन किया गया।
इस गोष्ठी में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (मुख्यालय/अपराध), पुलिस उपायुक्त (नगर/मुख्यालय) सहित नगर जोन के सभी बीट उपनिरीक्षक (BSI) एवं बीट पुलिस अधिकारी (BPO) उपस्थित रहे। बैठक के दौरान बीट प्रणाली के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा की गई तथा ‘यक्ष एप’ के माध्यम से किए जा रहे कार्यों की बीटवार प्रगति का आकलन किया गया।
गोष्ठी में पुलिस आयुक्त महोदय ने बीट प्रणाली को पुलिसिंग की रीढ़ बताते हुए इसे और अधिक सक्रिय, जवाबदेह एवं जनकेंद्रित बनाने पर जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि—
प्रत्येक बीट अधिकारी अपने क्षेत्र में नियमित रूप से पैदल गश्त करें और आमजन से सीधा संवाद स्थापित करें, जिससे जनता में सुरक्षा की भावना सुदृढ़ हो।
क्षेत्र के सक्रिय अपराधियों, संदिग्ध व्यक्तियों एवं असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखते हुए खुफिया तंत्र को और मजबूत किया जाए।
बीट प्रणाली को केवल औपचारिकता न मानते हुए इसे अपराध नियंत्रण और जनसंपर्क का प्रभावी माध्यम बनाया जाए।
अपने-अपने क्षेत्रों की सामाजिक संरचना, प्रमुख नागरिकों, व्यापारियों, गणमान्य व्यक्तियों एवं संवेदनशील स्थलों की अद्यतन जानकारी हमेशा उपलब्ध रखी जाए।
जनता से प्राप्त शिकायतों एवं समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, जिससे पुलिस की सकारात्मक छवि और विश्वास को बल मिले।
गोष्ठी के समापन अवसर पर पुलिस आयुक्त महोदय ने सभी अधिकारियों को प्रेरित करते हुए कहा कि बीट प्रणाली की वास्तविक सफलता तभी संभव है, जब प्रत्येक बीट अधिकारी अपने क्षेत्र को अपने परिवार की तरह समझे और उसी जिम्मेदारी एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करे।
उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि जनता के साथ विश्वास, सहयोग एवं संवाद का वातावरण विकसित कर एक सुरक्षित, शांतिपूर्ण एवं अपराधमुक्त समाज के निर्माण की दिशा में प्रतिबद्धता के साथ कार्य किया जाए।